बैंक की गलती पड़ी भारी डूब गए 16 हजार करोड़

बैंक की गलती पड़ी भारी डूब गए 16 हजार करोड़

 

प्राइवेट सेक्टर (Private Sector)  के सबसे बड़े बैंक आईसीआईसीआई बैंक (ICICI Bank ) इन दिनों गलत वजहों से चर्चा में है। दरअसल, आईसीआईसीआई बैंक की एमडी चंदा कोचर पर गलत तरीके से वीडियोकॉन ग्रुप को 3,250 करोड़ रुपए का लोन देना का आरोप लगा है। क्योंकि इसमें से 2,810 करोड़ रुपए वीडियोकॉन ने बैंक को नहीं लौटाए और बैंक ने साल 2017 में इसे एनपीए घोषित कर दिया। बैंक की एक गलती से 3 दिनों में 16 हजार करोड़ रुपए से ज्यादा डूब गए हैं।

 

चंदा कोचर पर उठे थे ये सवाल

-इससे पहले एक मीडिया रिपोर्ट (Media Report)  में दावा किया गया था कि वीडियोकॉन ग्रुप को आईसीआईसीआई बैंक ने 3250 करोड़ रुपए का लोन दिया था। यह लोन पूरा नहीं चुकाया गया। बाद में वीडियोकॉन की मदद से बनी एक कंपनी आईसीआईसीआई बैंक की एमडी और सीईओ चंदा कोचर के पति दीपक कोचर की अगुअाई वाले ट्रस्ट के नाम कर दी गई।

-रिपोर्ट में दावा किया गया है, ‘‘वीडियोकॉन ग्रुप की पांच कंपनियों को अप्रैल 2012 ने 3250 करोड़ रुपए का लोन दिया गया था। ग्रुप ने इस लोन में से 86% यानी 2810 करोड़ रुपए नहीं चुकाए। इसके बाद लोन को 2017 में एनपीए (नॉन परफॉर्मिंग असेट्स) घोषित कर दिया गया।’’

-दिसंबर 2008 में वीडियोकॉन ग्रुप के मालिक वेणुगोपाल धूत ने चंदा कोचर के पति दीपक कोचर के साथ मिलकर एक कंपनी न्यूपावर रिन्यूएबल्स प्राइवेट लिमिटेड बनाई। इसमें कोचर के परिवार और धूत की हिस्सेदारी 50-50 फीसदी की थी। दीपक कोचर को इस कंपनी का मैनेजिंग डायरेक्टर बनाया गया।
-जनवरी 2009 में धूत ने इस कंपनी में डायरेक्टर का पद छोड़ दिया। उन्होंने ढाई लाख रुपए में अपने 24,999 शेयर्स भी न्यूपावर में ट्रांसफर कर दिए।
-आरोप हैं कि 2010 से 2012 के बीच धूत की कंपनी ने कोचर की कंपनी को लोन दिया। आखिर में 94.99 फीसदी होल्डिंग वाले शेयर महज 9 लाख रुपए में चंदा कोचर के पति की अगुआई वाली कंपनी को मिल गए।

 

सेबी, सीबीआई ने जांच शुरू की

सीबीआई ने अपनी आरंभि‍क जांच के तहत कुछ आईसीआईसीआई बैंक अधि‍कारि‍यों से पूछताछ की है। सीबीआई इस बात का पता लगा रही है कि‍ साल 2012 में वीडि‍योकॉन ग्रुप को दि‍ए गए 3,250 करोड़ रुपए के लोन में बैंक कि‍सी तरह की गड़बड़ी में शामि‍ल है या नहीं।
आईसीआईसीआई बैंक पर मार्केट रेग्युलेटर सेबी की भी नजर है। सेबी ने किसी भी संभावित डिसक्लोजर और कॉरपोरेट गवर्नैंस से संबंधित खामियों के मामले में जांच शुरू कर दी है। इसके साथ ही आईसीआईसीआई बैंक और कुछ सरकारी बैंकों सहित लेंडर्स ग्रुप से लोन लेने में ‘लेनदेन’ के आरोपों के कारण वीडियोकॉन और इंडस्ट्रीज और उसके प्रमोटर भी सेबी के रडार पर आ गए हैं।

 

7% टूटा ICICI Bank का स्टॉक

इस खबर से सोमवार के कारोबार में आईसीआईसीआई बैंक के स्टॉक में 7 फीसदी की गिरावट देखने को मिली। कारोबार के दौरान बीएसई पर स्टॉक 7 फीसदी टूटकर 258.90 रुपए के लो पर आ गया।

 

3 दिन में 16 हजार करोड़ घटा मार्केट कैप

वीडियोकॉनलोन विवाद मामला आने के बाद आईसीआईसीआई बैंक के मार्केट कैप में बड़ी गिरावट आई। 3 दिन में आईसीआईसीआई बैंक के स्टॉक में 8.80 फीसदी की गिरावट हुई जिससे बैंक का मार्केट कैप 16,090.64 करोड़ रुपए घटकर 1,66,634.71 करोड़ रुपए हो गया। 27 मार्च को बंद भाव 283.90 रुपए के हिसाब से बैंक का मार्केट कैप 1,82,725.35 करोड़ रुपए था।

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